Why Wild Animals Number Decreasing? पूरा सच
WWF की Living Planet Report 2024 के अनुसार, सन 1970 से 2020 के बीच सिर्फ 50 सालों में दुनिया के वन्यजीवों की औसत संख्या में करीब 73% की गिरावट आई है. सबसे ज्यादा नुकसान Latin America और Caribbean क्षेत्र में (95%) हुआ है, इसके बाद Africa (76%) और Asia-Pacific (60%) का स्थान है. इंसानों द्वारा जंगल काटना, शिकार और climate change इस गिरावट के मुख्य कारण है.
दोस्तों, हम इंसान इस धरती पर ऐसे रहते है की मानो यह धरती सिर्फ और सिर्फ कुदरत ने हम मनुष्यों के रहने के लिए ही बनाई हो. इस धरती पर ना हम इंसान ठीक तरह से जी रहे है और ना हम लोग मासूम पक्षी और प्राणियों को जीने देते है. यह सब अत्याचार देखकर सच में एसा लगता है की मानव को इस धरती पर भेजकर खुदा ने गलती करदी हो. इसके बारे में विस्तार से जानने के लिए हमारा आर्टिकल इंसानों ने ये क्या किया? भयंकर प्राकुतिक आपदा पढ़े.
आज हम इस आर्टिकल में बात करने वाले है की हमारी वजह से प्रकृति और जानवरों को कितना नुकसान हुआ है, Why Wild Animals number decreasing?
जाने वन्यजीवों के बारे में जिनकी प्रजातिया लगातार कम हो रही है
हम इंसान इस धरती पर ऐसे अपनी मनमानी कर रहे है जैसे की यह धरती हम अकेले की ही है. अगर बात करे पिछले 4 दशक की तो इन दिनों में ही हमने जंगल को तहस महस करके रख दिया है. जिसके कारन कई सारे जंगली जानवर और पक्षी का नाश हो गया है. यह सब हमने सिर्फ 40 साल में ही कर दिया है, सोचों आने वाले 40 सालों में शायद ही कोई जानवर इस धरती पर जीवित देखने को मिलेगा. इंसानों के अत्याचार की एक और कहानी जानने के लिए आप हमारा आर्टिकल दुनिया के कुछ विलुप्त पक्षी को पढ़ सकते हो.
यह कोई मज़ाक का वक्त नहीं है बल्कि हम सभी को Serious हो कर इसके बारे में सोचना चाहिए वरना सच में इस धरती पर से इन जंगली जीवों की प्रजातियाँ खत्म हो जाएगी.
अगर बात करे सन 1970 से लेकर 2020 तक की तो इन 50 सालों में हम इंसानों की वजह से करीब 73 प्रतिसद वन्यजीवों का खात्मा हो चूका है. WWF (World Wildlife Fund) की Living Planet Report 2024 के अनुसार, इस गिरावट में मीठे पानी (freshwater) के जीव सबसे ज्यादा प्रभावित हुए है, जिनकी संख्या 85 प्रतिसद तक घट गई है, इसके बाद ज़मीन पर रहने वाले जीव (69 प्रतिसद) और समुद्री जीव (56 प्रतिसद) का स्थान है.
दक्षिण अमेरिका और केरेबियन द्वीप में तो बहुत ही ख़राब हालत है. इन जगह पर पहले की तुलना मे के करीब 94 प्रतिसद वन्यजीव खत्म हो चुके है. इस तरह से यह जगह पूरी दुनिया में नंबर 1 पर है, जहाँ सबसे ज्यादा वन्यजीवों की प्रजातियाँ नष्ट हुई है. कुल मिलाकर अब तक एशिया में 24 प्रतिसद, अफ्रीका में 65 प्रतिसद, North अमेरिका में 33 प्रतिसद और Asia-Pacific में करीब 45 प्रतिसद Wildlife खत्म हो चुकी है.
इसी तरह हम विकास के पीछे दौड़ते रहे तो कुछ ही सालों में 10 लाख से भी ज्यादा जीवों की प्रजातियाँ खत्म हो जाएगी. और इन सबके लिए जिम्मेदार हम खुद ही होगें. हमारे कारन सिर्फ Wildlife को ही नुकसान नहीं पहुंचा है बल्कि प्रकृति को भी काफी नुकसान हुआ है. करीब 85 प्रतिसद मीठे पानी के Lake खत्म हो चुके है.
हम खुद को सोचना होगा की जब हमारी जान ही नहीं बचेगी तो फिर यह सारा विकास देखने के लिए कौन जीवित बचेगा. Please Save Jungle so Animals and Birds also can live.
दोस्तों, यदि आपको जाने वन्यजीवों के बारे में जिनकी प्रजातिया लगातार कम हो रही है – Why Wild Animals number decreasing? जानकारी अच्छी लगी है तो इसको शेयर जरुर करना. ऐसे ही दूसरे आर्टिकल को पढने के लिए हमारे इस ब्लॉग को आज ही Subscribe करे.
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